बिलासपुर। ग्राम पंचायत टाली में पंचायत चुनाव के दौरान प्रधान पद के उम्मीदवारों को लेकर गंभीर शिकायत सामने आई। शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया कि प्रधान पद के लिए नामांकन भरने वाले पांच प्रत्याशी सरकारी नौकरी में कार्यरत हैं और नियमों के अनुसार वे पंचायत चुनाव लड़ने के पात्र नहीं हैं।शिकायत सामने आते ही मतदान प्रक्रिया को लेकर संशय की स्थिति पैदा हो गई और चुनाव ड्यूटी में तैनात कर्मचारियों को कुछ समय के लिए चुनावी प्रक्रिया रोकनी पड़ी। मामले की सूचना मिलते ही प्रशासन हरकत में आया और पंचायत चुनाव से जुड़े अधिकारियों ने सभी नामांकन पत्रों की दोबारा जांच शुरू कर दी। शिकायत के कारण पंचायत में पूरे दिन चर्चाओं का दौर चलता रहा और चुनाव प्रक्रिया पर लोगों की नजरें टिकी रहीं।
रिटर्निंग अधिकारी एवं खंड विकास अधिकारी स्वारघाट विनय कुमार शर्मा ने बताया कि ग्राम पंचायत टाली से प्रधान पद के उम्मीदवारों के खिलाफ एक व्यक्ति ने शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में कहा गया था कि नामांकन भरने वाले पांच प्रत्याशी सरकारी सेवाओं से जुड़े हैं और नियमानुसार चुनाव नहीं लड़ सकते। उम्मीदवारों के दस्तावेजों और नामांकन पत्रों की दोबारा जांच की गई।जांच के दौरान पाया गया कि चार प्रत्याशी चुनाव आयोग के दिशा-निर्देशों के अनुसार चुनाव लड़ने के लिए पूरी तरह पात्र हैं। वहीं एक प्रत्याशी मिड-डे मील वर्कर के रूप में कार्यरत पाई गई।
